रामपुर (शिमला), करंट न्यूज़ : हिमाचल की पहाड़ी सड़कें लगातार हो रहे सड़क हादसों के कारण खून से लाल हो रही हैं। शिमला जिले के रामपुर उपमंडल में बीती रात *जोगनी के पास एक ऑल्टो कार अनियंत्रित होकर गहरी खाई में समा गई।* हादसा इतना भीषण था कि ड्राइवर 40 वर्षीय पीकी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार सवार चार अन्य युवक गंभीर रूप से जख्मी हैं।
*मौत बनकर आई रात: कैसे हुआ हादसा*
मिली जानकारी के मुताबिक, ऑल्टो कार नंबर HP-06B-5765 में पांच लोग सवार थे। सभी रामपुर सब-डिवीजन के मुनीश और बहाली गांव के रहने वाले हैं। देर रात जोगनी के पास तीखे मोड़ पर *गाड़ी बेकाबू हुई और सीधे खाई में जा गिरी।*
चीख-पुकार के बीच स्थानीय लोग दौड़े। पुलिस और रेस्क्यू टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद घायलों को बाहर निकाला।
*एक की जान गई, चार जिंदगी व मौत से जूझ रहे*
*मृतक:* पीकी 40 वर्ष, निवासी रामपुर। हादसे के वक्त वही गाड़ी चला रहा था।
*घायल:* सर्जन 36 वर्ष, ज्योति प्रकाश 37 वर्ष, ललित 27 वर्ष और जय प्रकाश 29 वर्ष हैं। सभी को खनेरी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक दो की हालत नाजुक बनी हुई है।
*पुलिस जांच में जुटी*
सूचना मिलते ही रामपुर पुलिस मौके पर पहुंची। शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। *पुलिस का कहना है – “हादसे के कारणों की जांच जारी है। ओवरस्पीड, नींद या सड़क की हालत… हर एंगल खंगाला जा रहा है।”* केस दर्ज कर लिया गया है।
*दहशत में इलाका, फिर उठा सड़क सुरक्षा का मुद्दा*
हादसे के बाद पूरे जोगनी-रामपुर क्षेत्र में मातम पसर गया है। स्थानीय लोग *लगातार हो रहे हादसों के लिए खस्ताहाल सड़कों और क्रैश बैरियर न होने को जिम्मेदार* ठहरा रहे हैं। *“हर महीने कोई न कोई खाई में गिर रहा है, प्रशासन कब जागेगा?”* – एक ग्रामीण का दर्द यही सवाल बनकर गूंज रहा है।
गौरतलब है कि रात के अंधेरे में पहाड़ी सड़कों पर सफर जानलेवा बनता जा रहा है। प्रशासन कब तक हादसों के बाद सिर्फ ‘जांच’ का राग अलापेगा? *सुरक्षा इंतजाम कब होंगे, इसका जवाब किसी के पास नहीं।*